वंशिका सक्सेना : दुनिया के नंबर वन गेंदबाज पैट कमिंस ने कहा कि टेस्ट क्रिकेट में चेतेश्वर पुजारा को गेंदबाजी करना सबसे मुश्किल है| साथ ही उन्होंने भारत के मध्यक्रम के बल्लेबाज को ऑस्ट्रेलियाई टीम के लिए सबसे बड़ा सिर दर्द करार दिया| चेतेश्वर नंबर 3 पर अपनी ठोस बल्लेबाजी के लिए जाने जाते हैं| उन्होंने कहा दुर्भाग्य से ऐसे कई बल्लेबाज हैं लेकिन मैं एक ऐसे बल्लेबाज का नाम लूंगा जो सबसे हटकर है और वे भारत के पुजारा हैं| वह दिन प्रतिदिन गजब की एकाग्रता बनाए रखते हैं| भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच पिछली टेस्ट सीरीज में पुजारा चट्टान की तरह खड़े हो गए थे| पैट कमिंस का मानना है कि टेस्ट क्रिकेट में उन्हें आउट करना सबसे मुश्किल काम है| चेतेश्वर पुजारा ने 2018-19 में भारत की ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सीरीज में ऐतिहासिक जीत में तीन शतक और एक अर्धशतक की मदद से 521 रन बनाए थे| भारतीय तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी ने भी हाल ही में बल्लेबाज मनोज तिवारी के साथ इंस्टाग्राम चैट के दौरान कहा था कि नेट पर भी पुजारा अपना श्रेष्ठ देते हैं| शमी ने कहा कि वह बेहद समर्पित बल्लेबाज हैं उन्हें आउट होने से नफरत है, बात चाहे नेट प्रैक्टिस की ही क्यों ना हो|
सिद्ध भूमि न्यूज़ नेटवर्क:: शिवाजी कॉलेज, दिल्ली विश्वविद्यालय का 59वाँ वार्षिकोत्सव 29 जून 2020 को आयोजित किया गया। कोरोना संक्रमण के बढ़ते खतरे को ध्यान में रखते हुए इस वर्ष यह समारोह ऑनलाइन माध्यम के द्वारा संपन्न हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ राष्ट्रगान और दीप प्रज्ज्वलन से हुआ। समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में रॉय फाउंडेशन के संस्थापक श्री संजीव रॉय आमंत्रित थे। उन्होंने इस अकादमिक सत्र के पुरस्कृत सभी छात्रों को अपनी शुभकामनाएं देते हुए कहा - “कोरोना के इस संकटग्रस्त अनिश्चित दौर में हमें अपनी क्षमताओं को पहचानना होगा। अपनी अंतर्निहित क्षमताओं द्वारा नये अवसरों का सृजन करना होगा। उन्होंने कहा कि वो यंग इंडिया में नई संभावनाओं को देखते हैं। जब यंग इंडिया की बात होती है, तब पूरा भारत इस देश के युवाओं की ओर हसरत भरी निगाहों से देखता है।" इस अवसर पर शिवाजी कॉलेज के पूर्व छात्र और दिल्ली उच्च न्यायालय के वरिष्ठ अधिवक्ता श्री एन. हरिहरन ने अपने विशिष्ट वक्तव्य में कहा कि “ हमें भविष्य की संभावनाओं के प्रति अपने दिलो दिमाग को खुला रखना चाहिए। अपने कॉलेज के दिनों की स्...