ऋषभ अग्रवाल। लॉकडाउन के बीच किसानों के लिए कृषि उपज बेचना आसान बनाने के लिए एक और महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत ने राजस्थान राज्य भण्डार व्यवस्था निगम व केन्द्रीय भण्डारण निगम के वेयर हाउसेज को गौण मण्डी का दर्जा देने की स्वीकृति प्रदान की है। कृषि मंत्री श्री लालचन्द कटारिया ने बताया कि मुख्यमंत्री की ओर से इन प्रस्तावों को स्वीकृति देने से राज्य भण्डार व्यवस्था निगम के 93 वेयर हाउसेज, केन्द्रीय भण्डारण निगम के 12 वेयर हाउसेज एवं WDRA में पंजीकृत 157 निजी वेयर हाउसेज को निजी गौण मण्डी के रूप में अधिसूचित किया ।
क्या है WDRA (Warehousing Development and Regulatory Authority) ?
WDRA यानी भांडागारण (विकास और विनियमन) अधिनियम, 2007 के प्रावधानों का क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के लिए भारत सरकार द्वारा भांडागारण विकास और विनियमन प्राधिकरण (डब्ल्यूडीआरए) का गठन दिनांक 26.10.2010 को किया गया था। डब्लूडीआरए का मुख्य उद्देश्य देश में निगोशिएबल भांडागार रसीद (एनडब्ल्यूआर) प्रणाली का क्रियान्वयन है, जिससे किसानों को अपने खेतों के निकट वैज्ञानिक पद्धति से निर्मित भंडारण गोदामों में अपने उत्पाद का भंडारण करने और अपनी निगोशिएबल भांडागारण रसीद के प्रति बैंकों से ऋण लेने में सहायता मिलेगी। इस प्राधिकरण के मुख्य कार्य भांडागारों के विकास और नियमन के लिए प्रावधान करना है, जिनमें अन्य बातों के साथ-साथ भांडागार रसीदों की निगोशिएबिलिटी, भांडागारों का पंजीयन, माल के वैज्ञानिक भंडारण को बढ़ावा देना, जमाकर्ताओं और बैंकों की वित्तीय साख में सुधार करना, ग्रामीण क्षेत्रों में नकदी बढ़ाना और कार्य कुशल आपूर्ति श्रृंखला का संवर्धन करना है।