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कौन कहता हैं कि शहर में अखबार बिकता हैं, यहाँ तो ढोंग व झूठ का फसाद बिकता है !


हिमांशु सिंह,औरंगाबाद, बिहार:-:    90 के दशक के लिए अखबार के लिए जो उत्सुकता होती थी वो लाजवाब होती  थी ,गांव में अखबार  पढ़ने वाले बुद्धिजीवी काका,बाबा,चाचा की तरह होते थे, और उन्हें सुनने वाले कई लोग, पर 21 वी सदी में लोकतंत्र के चौथे स्तंभ के विशेष माध्यम यानी अखबार (खासकर हिंदी के) को लेकर हमारी गंभीरता दिन-प्रतिदिन खत्म होती जा रही हैं।  खासकर उत्तर भारत की हिंदीपट्टी को  विकास,रोजगार पर्यावरण,समानता, संस्कृति, नारी सशक्तिकरण, एकीकृत समाज के बजाए धर्म, जाति, संप्रदायवाद, राजनैतिक  पक्षपात, अगड़ा, पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक , सांप्रदायिक और धर्मनिरपेक्ष जैसे मुद्दों में झौकने में अखबारों का भी बड़ा योगदान हैं । हर अखबार का अपना एक खास एजेंडा होता है और वह एक खास विचारधारा से प्रेरित होते हैं, इसी कारण इनकी निष्पक्षता हमेशा शक के दायरे में रहती हैं। फिर भी मीडिया के तमाम नए विकल्पों के बीच आज भी अखबार दस्तावेज सरीखे माने जाते हैं, पर इसका  गिरता स्तर समाज के लिए चिंतनीय हैं।  डिजिटल मीडिया के उल-जुलूल भ्रामक और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के एकतरफा पक्षपाती खबरों के बीच एक उत्सुक पाठक अखबार की ओर रूख करता हैं, लेकिन आखिर में उसे निराशा ही हाथ लगती है। बिना तथ्यों की पुष्टि किए  न्यूज़रूम में संकलित एवं संपादित की जा रही खबरें, नित्य गढे़ जा रहे नए शब्द हमें अखबारों की गिरती बौद्धिकता से रूबरू कराते हैं । वॉचडॉग की भूमिका निभाने वाली मीडिया में अखबार आज भी सबसे विश्वसनीय माध्यम हैं पर इसकी खत्म होती विश्वसनीयता, गिरती गुणवत्ता और घटती स्तरता एक शुद्धि पाठक को ढेस पहुंचाती हैं।

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*ऑनलाइन माध्यम से शिवाजी कॉलेज का 59 वां वार्षिकोत्सव संपन्न*

सिद्ध भूमि न्यूज़ नेटवर्क::    शिवाजी कॉलेज, दिल्ली विश्वविद्यालय का 59वाँ वार्षिकोत्सव 29 जून 2020 को आयोजित किया गया। कोरोना संक्रमण के बढ़ते खतरे को ध्यान में रखते हुए इस वर्ष यह समारोह ऑनलाइन माध्यम के द्वारा संपन्न हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ राष्ट्रगान और दीप प्रज्ज्वलन से हुआ। समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में रॉय फाउंडेशन के संस्थापक श्री संजीव रॉय आमंत्रित थे। उन्होंने इस अकादमिक सत्र के  पुरस्कृत सभी छात्रों को अपनी शुभकामनाएं देते हुए कहा - “कोरोना के इस संकटग्रस्त अनिश्चित दौर में हमें अपनी क्षमताओं को पहचानना होगा। अपनी अंतर्निहित क्षमताओं द्वारा नये अवसरों का सृजन करना होगा। उन्होंने कहा कि वो यंग इंडिया में नई संभावनाओं को देखते हैं। जब यंग इंडिया की बात होती है, तब पूरा भारत इस देश के युवाओं की ओर हसरत भरी निगाहों से देखता है।" इस अवसर पर शिवाजी कॉलेज के पूर्व छात्र और दिल्ली उच्च न्यायालय के वरिष्ठ अधिवक्ता श्री एन. हरिहरन ने अपने विशिष्ट वक्तव्य में कहा कि “ हमें भविष्य की संभावनाओं के प्रति अपने दिलो दिमाग को खुला रखना चाहिए। अपने कॉलेज के दिनों की स्...

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रोमांचक मुकाबले  में आस्ट्रेलिया ने भारत को ४ विकेट से हराया - काम ना आया धोनी का शतक।  नरेंद्र  मोदी  ने आज उत्तर प्रदेश के कानपुर में अपने चुनावी अभियान का आगाज किया।  जम्मू में पाकिस्तानी सेना की ओर से २५ चौकियो पर जबर्दस्त गोली-बारी ।

एकता ने किया खुलासा जल्द आएगा नागिन 5, नागिन 4 को कहा बाय बाय

विपिन, नई दिल्ली। एकता कपूर के चर्चित टीवी शो नागिन के चौथे सीजन को लेकर बीते कुछ दिनों से दर्शक संशय में हैं। सोशल मीडिया पर अफवाह है कि जल्द ही नागिन सीजन 4 बंद हो जाएगा। वहीं, कहा ये भी जा रहा है कि अब इसके बाद कोई भी शूट नहीं होगा। लेकिन अब खुद एकता कपूर ने सामने आकर खुलासा किया है  नागिन 4 की समाप्ति जल्द होगी और उनकी योजना नागिन 5 को तुरंत वापस लाने की है। एकता कपूर ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक वीडियो साझा कर इस बात की जानकारी दी है। उन्होंने कहा कि वह नागिन 4 के अंतिम 4 एपिसोड शूट करेंगी और ये काफी धमाकेदार होंगे। अपने इस वीडियो में एकता कहती हैं, मुझसे नागिन 4 के बारे में कई बार पूछा गया, तो मैं एक बार सबको बता देती हूं कि 'नागिन 4' का एक बेहतरीन अंत होने वाला है क्योंकि एक अंत की शुरुआत करने के लिए किसी चीज को बीच में से शुरू नहीं किया जा सकता। तो,हम ;नागिन  को खत्म कर रहे हैं और फिर तुरंत ही नागिन 5पर काम शुरू करेंगे। एकता ने इस धारावाहिक के कलाकारों में निया शर्मा, जैसमीन भसीन, अनीता हसानंदानी और विजेंद्र कुमेरिया का शुक्रिया अदा किया। साथ ही उन्...